
हैरान थी हिन्दी
Hairan Thi Hindi
Divik Ramesh
15 verses · ~37 lines · 2 min
№ MMXXVI
RACHNA · A LIVING ARCHIVE
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MM · XXVI

9 verses · ~2 min
हमारी हिंदी एक दुहाजू की नई बीबी है बहुत बोलने वाली बहुत खानेवाली बहुत सोनेवाली
गहने गढ़ाते जाओ सर पर चढ़ाते जाओ
वह मुटाती जाए पसीने से गन्धाती जाए घर का माल मैके पहुँचाती जाए
पड़ोसिनों से जले कचरा फेंकने को लेकर लड़े
घर से तो ख़ैर निकलने का सवाल ही नहीं उठता औरतों को जो चाहिए घर ही में है
एक महाभारत है एक रामायण है तुलसीदास की भी राधेश्याम की भी एक नागिन की स्टोरी बमय गाने और एक खारी बावली में छपा कोकशास्त्र एक खूसट महरिन है परपंच के लिए एक अधेड़ खसम है जिसके प्राण अकच्छ किये जा सकें एक गुचकुलिया-सा आँगन कई कमरे कुठरिया एक के अंदर एक बिस्तरों पर चीकट तकिए कुरसियों पर गौंजे हुए उतारे कपड़े फ़र्श पर ढंनगते गिलास खूंटियों पर कुचैली चादरें जो कुएँ पर ले जाकर फींची जाएँगी
घर में सबकुछ है जो औरतों को चाहिए सीलन भी और अंदर की कोठरी में पाँच सेर सोना भी और संतान भी जिसका जिगर बढ गया है जिसे वह मासिक पत्रिकाओं पर हगाया करती है और ज़मीन भी जिस पर हिंदी भवन बनेगा
कहनेवाले चाहे कुछ कहें हमारी हिंदी सुहागिन है सती है खुश है उसकी साध यही है कि खसम से पहले मरे और तो सब ठीक है पर पहले खसम उससे बचे तब तो वह अपनी साध पूरी करे ।
(1957)
इति

Paired Painting
A Pathare Prabhu Wedding Ceremony
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Chosen for their rasa and their register, not their popularity. Each one carries some part of what Hamari Hindi carries.